

Uttarakhand High Court directs state government to present fixed schedule for panchayat electionsइस खबर को शेयर करेंLatest posts by Sapna Rani (see all)नैनीताल। उत्तराखंड हाई कोर्ट ने प्रदेश सरकार से नगर निकाय चुनाव के बाद त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों के मामले में तय कार्यक्रम शपथपत्र के माध्यम से अदालत में पेश करने को कहा है। इस मामले में दो सप्ताह बाद सुनवाई होगी। कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश मनोज कुमार तिवारी और न्यायमूर्ति विवेक भारती शर्मा की युगलपीठ ने सुमन सिंह और अन्य की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई हुई। याचिकाकर्ताओं की ओर से ऊधम सिंह नगर और नैनीताल जिला पंचायतों में निवर्तमान जिला पंचायत अध्यक्षों को प्रशासक नियुक्त करने संबंधी आदेश को चुनौती दी गई।याचिकाकर्ताओं की ओर से कहा गया कि सरकार निर्धारित पांच साल में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव संपन्न कराने में नाकाम रही है। संविधान में प्रावधान है कि निर्धारित पांच साल से पहले पंचायतों के चुनाव हो जाने चाहिए। किसी आपात स्थिति में ही पंचायतों को प्रशासकों के हवाले किया जाना चाहिए। शीर्ष अदालत ने भी वर्ष 2022 में राज्य सरकारों को निर्धारित अवधि से पहले चुनाव कराए जाने के निर्देश दिए हैं। यही नहीं प्रदेश सरकार की ओर से वर्ष 2010 में उत्तराखंड हाईकोर्ट में भी वक्तव्य दिया गया कि वह निकायों और पंचायतों में बड़े स्तर पर प्रशासक नियुक्त नहीं किए जाएंगे।याचिकाकर्ताओं की ओर से यह भी कहा गया कि प्रदेश सरकार प्रशासनकों को नियुक्त कर शीर्ष अदालत के फैसले का उल्लंघन कर रही है। सरकार की ओर से कहा गया कि सरकार प्रदेश में पंचायतों के चुनाव कराने के लिए प्रतिबद्ध है। नगर निकाय चुनाव के बाद जल्द ही प्रदेश में पंचायतों के चुनाव कराए जाएंगे। अंत में अदालत ने सरकार से दो सप्ताह में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर तय कार्यक्रम पेश करने को कहा है। इस मामले में अगली सुनवाई दो सप्ताह बाद होगी।
