
उत्तराखंड में मानव–वन्यजीव संघर्ष लगातार बढ़ता जा रहा है। कभी भालू तो कभी गुलदार और बाघ के हमले, कहीं हाथियों की आक्रामकता तो कहीं सांप के डसने की घटनाएँ—इन सबने पहाड़ी इलाकों में भय का माहौल बना दिया है। इसी कड़ी में पौड़ी जिले के खिर्सू ब्लॉक से एक और दर्दनाक मामला सामने आया है, जहां गुलदार ने एक महिला की जान ले ली।
खिर्सू ब्लॉक के कोटी गांव में गुरुवार शाम एक महिला पर गुलदार ने अचानक हमला कर दिया। जानकारी के अनुसार, गिन्नी देवी रोज की तरह घर से लगभग 300 मीटर दूर खेतों में घास काटने गई थीं। तभी झाड़ियों में छिपे गुलदार ने उन पर धावा बोल दिया। हमले की तीव्रता इतनी अधिक थी कि महिला को बचने का कोई मौका नहीं मिला और उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
घटना की खबर गांव में पहुँचते ही भारी दहशत फैल गई। ग्रामीण जंगल और सुनसान क्षेत्रों में जाने से डर रहे हैं और लगातार बढ़ रही ऐसी घटनाओं को लेकर गहरी चिंता जता रहे हैं। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से क्षेत्र में वन्यजीव गतिविधियों पर नियंत्रण और सुरक्षा प्रबंध बढ़ाने की मांग की है।
उधर, घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके की ओर रवाना हो गई। विभाग की ओर से ग्रामीणों को सतर्क रहने, अकेले जंगल की ओर न जाने और किसी भी संदिग्ध हरकत की तुरंत सूचना देने की अपील की गई है।
गौरतलब है कि पौड़ी जिले में हाल ही में भालुओं की आक्रामकता भी बढ़ी है। 17 नवंबर को बीरोंखाल ब्लॉक के जिवई गांव में एक महिला पर भालू ने हमला कर दिया था, जिसमें उनके चेहरे पर गंभीर चोटें आई थीं और अभी उनका उपचार जारी है। लगातार हो रही इन घटनाओं से स्थानीय लोगों में भय और अनिश्चितता का माहौल गहरा गया है।
