
देहरादून: उत्तराखंड निर्वाचन आयोग ने उत्तराखंड के 1452 नेताओं पर कड़ा ऐक्शन लिया है। इन सभी पर तीन साल तक चुनाव लड़ने पर प्रतिबंध लगा दिया है। आयोग के अनुसार, इन नेताओं ने त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के दौरान खर्च का ब्योरा न दिया। बार-बार नोटिस पर भी जवाब नहीं आने पर ऐक्शन हुआ है। ये सभी नेता चमोली और बागेश्वर जिले के हैं। दरअसल, पिछले साल हुए पंचायती चुनाव में विभिन्न पदों पर 60 हजार से ज्यादा लोगों ने नामांकन कराया था। अधिकांश पदों पर निर्विरोध चुनाव हो जाने की वजह से मुख्य मुकाबला 32 हजार 580 प्रत्याशियों के बीच सिमट गया था।
नेताओं ने कई बार नोटिस का जवाब नहीं दियाराज्य निर्वाचन आयुक्त सुशील कुमार के अनुसार पंचायत चुनाव के बाद प्रत्याशियों से चुनाव का खर्च का ब्योरा मांगा गया था। कई बार नोटिस दिए जाने के बावजूद कुल 1452 लोगों ने कोई जवाब ही नहीं दिया। आयोग के अनुसार इनमें चमोली के 826 और बागेश्वर में 630 नेता शामिल हैं।
कैबिनेट बैठक आज, कई अहम फैसले संभवदेहरादून। सचिवालय में शुक्रवार को कैबिनेट की बैठक होगी। इस बैठक में उपनल, संविदा कर्मचारियों के नियमितीकरण से जुड़ी कैबिनेट की सब कमेटी की रिपोर्ट रखी जाएगी। कार्मिक, शिक्षा, कृषि, पर्यटन, आवास विभाग से जुड़े प्रस्तावों को भी बैठक में रखा जाएगा। कई विभागों के विधानसभा के पटल पर रखे जाने वाले प्रत्यावेदनों को मंजूरी दी जा सकती है।
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की दिल्ली में गुरुवार को भाजपा नेताओं से ताबड़तोड़ मुलाकातें हुईं। केंद्रीय सड़क परिवहन राज्य मंत्री अजय टम्टा से भी उनकी भेंट हुई। इस दौरान क्षेत्रीय विकास और सड़क परियोजनाओं से जुड़े विषयों पर विचार विमर्श हुआ। इसके अलावा भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, पूर्व सीएम रमेश पोखरियाल निशंक, सांसद अजय भट्ट, माला राज्यलक्ष्मी शाह, कल्पना सैनी से भी सीएम धामी की मुलाकात हुई।
कांग्रेस पर पूर्व सैनिकों के अपमान का आरोपदेहरादून। पूर्व सैनिक कल्याण सलाहकार परिषद के अध्यक्ष कर्नल अजय कोठियाल (सेनि) ने कांग्रेस पर पूर्व सैनिकों के अपमान का आरोप लगाया। गुरुवार को एक बयान में उन्होंने कहा कि अग्निवीर योजना के नाम पर बुलाई गई पत्रकार वार्ता में किसी पूर्व सैनिक को जगह नहीं दी गई। मंच पर केवल कांग्रेस के पूर्व सैनिक विभाग के राष्ट्रीय अध्यक्ष, प्रदेश अध्यक्ष के अलावा सभी कुर्सियों पर पार्टी नेता बैठे थे।
