

दिन में चटख धूप, जबकि सुबह-शाम ठंड का अहसास। राजधानी देहरादून में मौसम का यह बदलता मिजाज लोगों की सेहत के लिए परेशानी बढ़ा रहा है। दिन और रात के तापमान में करीब 15 डिग्री सेल्सियस का अंतर बना हुआ है। त्योहारी सीजन में बदलते मौसम के बीच डॉक्टरों ने लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है।
एक सप्ताह शुष्क रहेगा मौसममौसम निदेशक डॉ. सीएस तोमर के अनुसार, प्रदेश के सभी जिलों में अगले एक सप्ताह तक मौसम शुष्क रहने की संभावना है। फिलहाल मौसम में बड़े बदलाव के संकेत नहीं हैं। ऐसे में दिन की धूप और सुबह-शाम की ठंड के बीच लोगों को तापमान के अनुरूप कपड़े पहनने और स्वास्थ्य के प्रति सतर्क रहने की जरूरत है।
मौसम के आंकड़ों के अनुसार, मंगलवार को देहरादून में अधिकतम तापमान 30 डिग्री और न्यूनतम 15 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दोनों के बीच 15 डिग्री का अंतर रहा। पहाड़ी क्षेत्रों में रातें ज्यादा ठंडी हो रही हैं, जबकि मैदानी इलाकों में दिन का तापमान 30 डिग्री के आसपास बना हुआ है।
धर्मनगरी हरिद्वार में गिरने लगा तापमानअक्तूबर माह में मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। इसके चलते धर्मनगरी हरिद्वार के तापमान में गिरावट दर्ज हो रही है। सुबह और शाम के समय हवा में सर्दी बढ़ने लगी है, जबकि सुबह तड़के लोगों को ठंड का अधिक एहसास हो रहा है। सुबह जल्दी घरों से निकलने वाले लोगों को आवाजाही में सर्दी का सामना करना पड़ रहा है। तापमान में गिरावट से अक्तूबर में धर्मनगरी में सुबह और शाम के समय सर्दी का असर बढ़ने लगा है। मौसम में लगातार हो रहे बदलाव के बीच तापमान में गिरावट दर्ज हो रही है। सुबह और शाम के समय ठंडी हवाओं से मौसम में सर्दी महसूस होने लगी है।
कोरोनेशन अस्पताल के वरिष्ठ फिजिशियन डॉ. प्रवीण पंवार के मुताबिक, तापमान में उतार-चढ़ाव के दौरान सुबह और शाम ठंड से बचाव जरूरी है। दिन में पसीना आने के बाद ठंडी हवा के संपर्क में आने से परेशानी बढ़ सकती है। बच्चों, बुजुर्गों और पहले से सांस संबंधी बीमारियों से जूझ रहे लोगों को विशेष सतर्कता बरतनी चाहिए। उन्होंने सलाह दी कि पसीने से भीगे कपड़े बदल लें और पर्याप्त पानी पीते रहें। ठंडे पेय पदार्थों से परहेज करें। पंखे या ठंडी हवा के सीधे संपर्क से भी असुविधा हो सकती है।



