

हरिद्वार: उत्तराखंड में पुलिस को झूठी शिकायत देकर बुलाना एक शख्स को महंगा पड़ गया। हरिद्वार के कोतवाली मंगलौर क्षेत्र में सोमवार देर रात एक शख्स ने इमरजेंसी हेल्पलाइन नंबर 112 पर कॉल करके पुलिस बुलाई थी। उसने यह कहते हुए पुलिस बुलाई थी कि पत्नी ने उसकी मां को जहर दे दी है। झूठी सूचना देने पर आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करते हुए पुलिस ने उससे 10,000 रुपये जुर्माना वसूल लिया।
पुलिस के अनुसार हेल्पलाइन 112 के जरिए कॉल आई, जिसमें कॉलर ने दावा किया कि उसकी पत्नी ने उसकी मां को जहर दे दिया है और उनकी हालत गंभीर है, साथ ही उन्हें मंगलौर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मामला सीनियर सिटीजन से जुड़ा और गंभीर अपराध की श्रेणी में होने के कारण मंगलौर पुलिस तत्काल सक्रिय हुई और मौके पर पहुंची।
जांच के दौरान पुलिस को मौके पर पता चला कि कॉलर की मां पूरी तरह सुरक्षित और स्वस्थ है और घर पर ही मौजूद हैं। बुजुर्ग महिला ने स्पष्ट किया कि उन्हें किसी प्रकार का जहर नहीं दिया गया है। पूछताछ में यह भी सामने आया कि कॉलर का अपनी पत्नी से पारिवारिक विवाद चल रहा है और इसी कारण क्षुब्ध होकर उसने 112 पर झूठी सूचना दी।
इस प्रकरण में अनिल निवासी नारसन कलां, थाना मंगलौर के खिलाफ पुलिस अधिनियम की धारा 83 के अंतर्गत कार्रवाई करते हुए उस का 10,000 रुपये का जुर्माना लगाया। साथ ही भविष्य में इस तरह की हरकत न करने की सख्त हिदायत दी गई।
हरिद्वार पुलिस ने आमजन से अपील की है कि 112 एक आपातकालीन सेवा है, इसका दुरुपयोग न करें। झूठी सूचनाओं के कारण वास्तविक जरूरतमंदों को समय पर सहायता मिलने में बाधा आती है। पुलिस ने चेतावनी दी है कि ऐसे मामलों में दोषियों के विरुद्ध सख्त विधिक कार्रवाई की जाएगी।
