देहरादून। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने उत्तराखंड में आपदा में माता-पिता को खोने वाले बच्चों को केंद्र की पीएम केयर्स फार चिल्ड्रन योजना के माध्यम से सहायता देने की घोषणा की है। इसके तहत चयनित बच्चों को 18 साल तक चार हजार रुपये की सहायता राशि दी जाएगी।
साथ ही चयनित प्रत्येक बच्चे की 10 लाख रुपये की एफडी भी सरकार कराएगी, जो उसे 23 साल की आयु पूरी होने पर मिलेगी। इससे उसकी दीर्घकालिक देखभाल और कल्याण सुनिश्चित हो सकेगा।
शासन के एक अधिकारी के मुताबिक प्रधानमंत्री की घोषणा के बाद अब सभी जिलों से इस बार आपदा में अनाथ हुए बच्चों का ब्योरा लिया जाएगा। फिर उन्हें इस योजना से लाभान्वित किया जाएगा।
बता दें कि कोविडकाल के दौरान राज्य में कोविड के कारण अनाथ हुए 44 बच्चों को भी इस योजना में आच्छादित किया गया। इसके अलावा तब कोविड के कारण माता-पिता समेत अभिभावकों को खोने वाले अन्य बच्चों को मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना से लाभान्वित किया गया।
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