यू.पी.ई.एस. को ‘गोल्ड लीफ’ प्रमाणन, BEST सेंटर का शुभारंभ – my uttarakhand news

देहरादून,  यूनिवर्सिटी फॉर टुमॉरो’ विज़न को साकार करने की दिशा में यू.पी.ई.एस. ने एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की है। उत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेवानिवृत्त) ने विश्वविद्यालय की दो प्रमुख पहलों—इम्पैक्ट असेसमेंट रिपोर्ट 2024–25 एवं ग्रीनहाउस गैस (GHG) उत्सर्जन रिपोर्ट—का अनावरण किया। इसी के साथ यू.पी.ई.एस. को ‘अस्पायर इम्पैक्ट’ द्वारा प्रतिष्ठित ‘गोल्ड लीफ’ प्रमाणन प्रदान किया गया। कार्यक्रम में देहरादून परिसर में बजाज इंजीनियरिंग स्किल्स ट्रेनिंग (BEST) सेंटर का उद्घाटन भी किया गया।
इस उपलब्धि के साथ यू.पी.ई.एस. देश का पहला विश्वविद्यालय बन गया है जिसने स्कोप 1, 2 और 3 उत्सर्जनों को शामिल करते हुए व्यापक और मानक-आधारित इम्पैक्ट असेसमेंट तथा पूर्ण GHG अकाउंटिंग को एकीकृत रूप से पूरा किया है। ‘अस्पायर इम्पैक्ट’ के मूल्यांकन में विश्वविद्यालय ने इनक्लूज़न और एमिशन मैनेजमेंट दोनों क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए ‘प्लेटिनम’ स्तर हासिल किया है।
यह मूल्यांकन ‘4P फ्रेमवर्क’—प्रोडक्ट, पीपल, प्लैनेट और पॉलिसी—पर आधारित है, जो QS और NAAC मानकों के अनुरूप है। यू.पी.ई.एस. वर्ष 2031 तक नेट ज़ीरो लक्ष्य प्राप्त करने की दिशा में अग्रसर है और अपने प्रति व्यक्ति कार्बन फुटप्रिंट को लगातार कम कर रहा है।
इम्पैक्ट असेसमेंट रिपोर्ट के अनुसार, विश्वविद्यालय के 48% छात्र वंचित समुदायों से आते हैं, 32% कार्यबल में महिलाएँ हैं और 100% कर्मचारियों को स्वास्थ्य एवं सेवानिवृत्ति लाभ मिलते हैं। साथ ही, परिसर में 100% अपशिष्ट जल का उपचार शून्य-डिस्चार्ज प्रणाली के माध्यम से किया जाता है, जो स्थिरता के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
इस अवसर पर राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह ने कहा कि यू.पी.ई.एस. ने समावेशन, स्थिरता और सुशासन के क्षेत्रों में एक राष्ट्रीय मानक स्थापित किया है। उन्होंने कहा कि आज के उच्च शिक्षा संस्थानों को छात्रों को केवल ज्ञान ही नहीं, बल्कि कौशल, नवाचार और सामाजिक जिम्मेदारी के साथ तैयार करना होगा, ताकि वे ‘नए भारत’ के निर्माण में योगदान दे सकें।
कार्यक्रम के दौरान बजाज इंजीनियरिंग स्किल्स ट्रेनिंग (BEST) सेंटर का उद्घाटन भी किया गया। यह केंद्र मेकाट्रॉनिक्स, रोबोटिक्स, ऑटोमेशन, मोशन कंट्रोल, सेंसर टेक्नोलॉजी तथा इंडस्ट्री 5.0 जैसे उन्नत क्षेत्रों में प्रशिक्षण प्रदान करेगा। इसका उद्देश्य छात्रों को उद्योग की वास्तविक आवश्यकताओं के अनुरूप कौशल प्रदान कर उनकी रोजगार क्षमता को बढ़ाना है।
यू.पी.ई.एस. के वाइस चांसलर डॉ. सुनील राय ने कहा कि विश्वविद्यालय अपने प्रत्येक आयाम में प्रभाव को शामिल करते हुए उसे मापने और बेहतर बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि BEST सेंटर इंजीनियरिंग शिक्षा को अधिक व्यावहारिक और उद्योग-संरेखित बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
कार्यक्रम में बजाज ऑटो लिमिटेड के चीफ एचआर ऑफिसर रवि किरण रामासामी ने भी छात्रों के कौशल विकास और उद्योग की अपेक्षाओं पर अपने विचार साझा किए। समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ, जिसमें विश्वविद्यालय के वरिष्ठ अधिकारियों, संकाय और कर्मचारियों की उपस्थिति रही।
इन पहलों के माध्यम से यू.पी.ई.एस. न केवल अकादमिक उत्कृष्टता, बल्कि स्थिरता, समावेशन और रोजगार क्षमता के क्षेत्र में भी एक अग्रणी संस्थान के रूप में उभर रहा है, जो छात्रों, समाज और पर्यावरण के लिए दीर्घकालिक मूल्य सृजन की दिशा में निरंतर कार्य कर रहा है।

pooja Singh

Share
Published by
pooja Singh

Recent Posts

काबिना मंत्री खजानदास ने किया मन्नुगंज एवं रिस्पना का भ्रमण

देहरादून : लगातार हो रही बरसात के दौरान नदी किनारे रह रहे लोगों की सुरक्षा…

21 minutes ago

उच्च शिक्षा मंत्री डाॅ. रावत ने नवनियुक्त केन्द्रीय शिक्षा मंत्री प्रहलाद जोशी से की मुलाकात

459 करोड़ से एचएनबी गढ़वाल विश्वविद्यालय में अनुसंधान संरचना होगी सुदृढ- रावत  एनआईटी श्रीनगर के…

41 minutes ago

कोई भी पात्र मतदाता मतदाता सूची में शामिल होने से वंचित न रहे- जिलाधिकारी

जिलाधिकारी/जिला निर्वाचन अधिकारी ने सहसपुर विधानसभा क्षेत्र के पोलिंग बूथों का निरीक्षण कर एसआईआर आपत्ति…

2 hours ago

उत्तराखंड में कुदरत का कहर: उफान पर गंगा और अलकनंदा, 132 सड़कें बंद, 5 जिलों में येलो अलर्ट जारी

देहरादून: उत्तराखंड में मानसून की प्रचंड बारिश ने जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है।…

2 hours ago

जिलाधिकारी की अध्यक्षता में आयोजित हुई वन भूमि हस्तांतरण की बैठक

जिलाधिकारी ने लंबित प्रकरणों में तेजी, समयबद्ध फॉलोअप और विभागीय समन्वय सुनिश्चित करने के दिए…

2 hours ago