‘सम्मान सेतु’ कैंप में महिलाओं व कांवड़ यात्रियों को कानूनी किट देकर किया जागरूक

पीड़ित महिला को किसी भी समस्या के समाधान व न्याय हेतु आयोग सदैव उनके साथ; शासन-प्रशासन के समन्वय से ऑन-द-स्पॉट निस्तारण ही हमारा संकल्प” कुसुम कंडवाल
सम्मान सेतु अभियान का उद्देश्य नारी सम्मान व सामाजिक संवेदनशीलता के लिए हर नागरिक हो जागरुक
​’सम्मान सेतु’ शिविर में गूंजा कांवड़ यात्रा के दौरान नारी सम्मान व सुरक्षा का संकल्प
​ऋषिकेश। उत्तराखंड राज्य महिला आयोग द्वारा राष्ट्रीय महिला आयोग के विशेष तत्वावधान में 4 अगस्त से 8 अगस्त तक ऋषिकेश में सीमा डेंटल कॉलेज के सामने आयोजित सम्मान सेतु अभियान में अभूतपूर्व जन सहभागिता देखने को मिल रही है। संचालित इस शिविर में हजारों की संख्या में महिलाओं, कांवड़ श्रद्धालुओं व आम नागरिकों ने प्रतिभाग कर विधिक व स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ उठाया।
आज शिविर में आयोजित ​प्रेस वार्ता के दौरान उत्तराखण्ड राज्य महिला आयोग अध्यक्ष कुसुम कंडवाल ने कहा कि, “हमारा स्पष्ट ध्येय है कि पीड़ित महिला को किसी भी प्रकार की समस्या हो, तो उसके समाधान और न्याय के लिए महिला आयोग सदैव उनके साथ खड़ा है। महिलाएं जहां हैं, वहीं रहें; हम फोन के माध्यम से, थानों के माध्यम से तथा सरकार व प्रशासन के माध्यम से आपसी समन्वय स्थापित करके ऑन-द-स्पॉट समस्याओं का निस्तारण करने का निरंतर प्रयास कर रहे हैं। एक अभिभावक की भांति पीड़ित महिला को संरक्षण देना, टूटते परिवारों को जोड़ना और महिला आयोग के वास्तविक उद्देश्यों को धरातल पर उतारते हुए हर बहन तक सहायता पहुंचाना ही इस कैंप का मुख्य ध्येय है। यात्राएं केवल मंजिल तक नहीं पहुंचातीं, वे हमारे विचारों और संस्कारों की पहचान बनाती हैं; इस कांवड़ यात्रा को नारी सम्मान और सामाजिक संवेदनशीलता का संदेश बनाना हम सभी का दायित्व है।
​राष्ट्रीय महिला आयोग के सौजन्य से आयोजित इस शिविर की आम जनता एवं कांवड़ यात्रियों द्वारा व्यापक सराहना की गई। कैंप के दौरान महिला अधिकारों, नए आपराधिक कानूनों, पॉश एक्ट व नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर आधारित लगभग सात हज़ार दो सौ से अधिक जागरूकता किट वितरित कर महिलाओं, कांवड़ श्रद्धालुओं व स्कूली बच्चों को जागरूक किया गया। इसके साथ ही अधिवक्ताओं द्वारा आज दोपहर तक 578 लोगों को निःशुल्क कानूनी परामर्श, 26 पारिवारिक मामलों में काउंसलिंग aके जरिए समाधान, एम्स ऋषिकेश के सहयोग से 489+ लोगों का मेडिकल चेकअप तथा साइबर अपराध से जुड़े 124 मामलों का त्वरित निस्तारण किया गया।
आयोग अध्यक्ष कुसुम कंडवाल ने जानकारी देते हुए बताया कि इसके अतिरिक्त आयोग द्वारा युवाओं व महिलाओं को तकनीक से जोड़ने के लिए ‘यशोदा AI’ ट्रेनिंग प्रोग्राम तथा वन स्टॉप सेंटर कार्मिकों के प्रशिक्षण व लॉ रिव्यू पर भी विस्तार से कार्य किया जा रहा है।
उन्होंने कहा आयोग आयोग का प्रयास रहता है कि इस प्रकार के आयोजनों से समाज में जागरूकता लायी जाए तथा महिलाओं, बेटियों एवं स्थानीय नागरिकों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया जाए।

shivani Rawat

Share
Published by
shivani Rawat

Recent Posts

Doiwala to preserve Tehri’s heritage with new Ghantaghar

By ARUN PRATAP SINGHGarhwal Post Bureau Dehradun, 10 Sep: The historic legacy and memories of…

43 minutes ago

डिजिटल यूथ महोत्सव में विजेताओं की रही धूम, डीएम ने किया सम्मानित

पौड़ी। जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने जिला कार्यालय में डिजिटल यूथ महोत्सव-2026 के अंतर्गत आयोजित…

47 minutes ago

Sikh community’s participation vital in nation-building: Nitin Nabin

Dhami hails role of Punjabi community in Terai’s development my uttarakhand news Bureau Rudrapur (US…

54 minutes ago

Nitin Nabin attacking Rahul Gandhi to hide BJP’s failures: Ganesh Godiyal

By ARUN PRATAP SINGHGarhwal Post Bureau Dehradun, 10 Sep: Uttarakhand Pradesh Congress Committee President Ganesh…

1 hour ago

पटेल नगर में पुलिस-बदमाशों की मुठभेड़, पैर में गोली लगने से सुपारी किलर घायल, साथी फरार –

देहरादून। पटेल नगर थाना क्षेत्र में  पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़ हो गई। पुलिस…

1 hour ago

Vibrant Villages Scheme to Boost Tourism in 91 Border Villages of Uttarakhand – my uttarakhand news

The development of basic amenities in 91 villages of Uttarakhand situated along the China-Nepal border…

2 hours ago