लखवाड़ बांध परियोजना में फिर भड़का श्रमिकों का आक्रोश, मांगों को लेकर दोबारा धरने पर बैठे मजदूर
डाकपत्थर। यमुना नदी पर निर्माणाधीन 300 मेगावाट लखवाड़ बांध परियोजना में कार्यरत संविदा श्रमिक एक बार फिर अपनी मांगों को लेकर धरने पर बैठ गए हैं। श्रमिकों का आरोप है कि विभाग और कंपनी द्वारा वार्ता के दौरान मजदूर हित में सहमति बनने के बावजूद बाद में जारी पत्र में अधिकांश बातें कंपनी के पक्ष में लिख दी गईं, जिससे श्रमिकों में भारी नाराजगी है।
बताया गया कि बीती 15 मई को सीटू यूनियन के बैनर तले करीब 400 श्रमिक लखवाड़ यूजेवीएन कार्यालय डाकपत्थर पहुंचे थे। सीटू यूनियन के जिला महामंत्री बकील लेखराज के नेतृत्व में 10 सदस्यीय टीम ने यूजेवीएन अधिकारियों और एलएनटी कंपनी के प्रतिनिधियों के साथ वार्ता की थी। वार्ता के दौरान श्रमिकों की 11 सूत्रीय मांगों पर चर्चा हुई थी।
श्रमिकों के अनुसार वार्ता सकारात्मक रही और अधिकांश बिंदुओं पर सहमति बनने से मजदूरों में खुशी का माहौल था। इसके बाद 16 मई को सभी श्रमिक वापस काम पर लौट गए थे। लेकिन जब 20 मई को विभाग और कंपनी की ओर से तैयार मिनट्स का पत्र श्रमिकों को सौंपा गया, तो उसमें अधिकतर बातें कंपनी के पक्ष में लिखी मिलीं।
श्रमिकों का आरोप है कि एलएनटी कंपनी ने पत्र में दावा किया कि श्रमिकों को समय पर वेतन पर्ची दी जाती है, जबकि पिछले तीन वर्षों से किसी भी श्रमिक को वेतन पर्ची नहीं दी गई। इसके अलावा न्यूनतम वेतन, राष्ट्रीय पर्वों एवं छुट्टियों का भुगतान सहित कई श्रमिक अधिकारों की अनदेखी किए जाने का आरोप भी लगाया गया।
सीटू यूनियन नेताओं का कहना है कि मजदूर लगातार अपने अधिकारों के लिए आवाज उठा रहे हैं, लेकिन उनकी समस्याओं की सुनवाई नहीं हो रही है। इसी कारण 22 मई से श्रमिकों को दोबारा धरने पर बैठने के लिए मजबूर होना पड़ा।
धरने पर बैठे श्रमिकों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द उचित कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
Post Views: 5
Post navigation
एसएसपी हरिद्वार समेत पुलिस अधिकारियों ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि, पुलिस परिवार में शोक की लहर…
सादगी, स्पष्टवादिता और कर्तव्यनिष्ठा से बनाई अलग पहचान, बेटियों के लिए बनीं प्रेरणा देहरादून। उत्तराखंड…
Rudrapur Accident: सड़क पर बाइक गिरते ही पीछे से आए वाहन ने कुचला, हादसे में…
देहरादून। उत्तराखंड में चारधाम यात्रा अपने अंतिम पड़ाव की ओर बढ़ रही है, लेकिन श्रद्धालुओं…
देहरादून। श्री रामकृष्ण लीला समिति टिहरी 1952, देहरादून (पंजीकृत) की ओर से रेसकोर्स स्थित श्री…
27 अक्टूबर को गैरसैंण में विधानसभा घेराव करेगी कांग्रेस देहरादून। उत्तराखंड में भाजपा सरकार की…