लोकसभा चुनाव की चुप्पी के बाद कांग्रेस नेता हरक सिंह उपचुनाव में गरजे
देहरादून। बदरीनाथ और मंगलौर विधानसभा चुनाव के अनुकूल व विपरीत नतीजों से धामी सरकार की सेहत पर कोई असर नहीं पड़ने वाला। बहुमत की भाजपा सरकार के पास विधायकों की पर्याप्त संख्या बल है।
2022 के विधानसभा चुनाव में मंगलौर व बदरीनाथ सीट क्रमशः बसपा व कांग्रेस के पास थी। मंगलौर के बसपा विधायक सरवत करीम अंसारी के निधन के बाद इस सीट पर उपचुनाव की नौबत आई। जबकि बदरीनाथ से 2022 में जीते कांग्रेसी विधायक राजेन्द्र भंडारी के अचानक भाजपा में चले जाने से जनता पर उपचुनाव थोप दिया गया।
इन दोनों सीटों पर 10 जुलाई को मतदान होना है। सीएम धामी से लेकर मंत्रियों व विधायकों ने मंगलौर के मैदान से लेकर बदरीनाथ क्षेत्र के ऊंची पहाड़ियों पर डेरा डाला हुआ है।
भारी बरसात में जनसभाओं का दौर जारी है। कांग्रेस के नेताओं ने भंडारी और मंगलौर से भड़ाना को बाहरी व आयातित बता कर जनता से वोट की अपील कर रही है।
कुछ महीने पहले तक कांग्रेस के विधायक रहे राजेन्द्र सिंह भंडारी के भाजपा में आने को लेकर पार्टी के नेता अपने हिसाब से उचित करार दे रहे हैं। जनसभाओं में भाजपा नेताओं का कहना है कि भंडारी ने राष्ट्रवादी भाजपा से जुड़ कर क्षेत्र के विकास को आगे बढ़ाने का फैसला किया है।
जबकि कांग्रेस के नेताओं का कहना है कि जिला पंचायत अध्यक्ष पत्नी रजनी भंडारी के भ्र्ष्टाचार की जांच का भय दिखा कर भाजपा ने राजेन्द्र भंडारी पर दबाव बनाया।
इस बीच, रविवार को सीएम धामी ने जोशीमठ, उर्गम व तपोवन इलाके में भंडारी के पक्ष में प्रचार कर चुनाव को गर्मा दिया। उधर, हरीश रावत, गोदियाल, करण मेहरा समेत अन्य नेता कई दिन से गांव गांव में सम्पर्क कर रहे हैं। और पार्टी प्रत्याशी लखपत बुटोला को जिताने की अपील के साथ भंडारी के ‘धोखे’ का जिक्र करना नहीं भूल रहे हैं।
इधर, इस उपचुनाव में हरक सिंह रावत का चुनाव प्रचार में कूदना कांग्रेस कैम्प में विशेष राहत देखी जा रही है। चूंकि,लोकसभा चुनाव के दौरान हरक सिंह किसी भी लोकसभा सीट पर चुनाव प्रचार में नहीं उतरे। अन्य राज्यों में मशगूल रहे। यही नहीँ, लोकसभा चुनाव से पूर्व उनकी पुत्रवधु अनुकृति गुसाईं व पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष ने कांग्रेस छोड़ भाजपा को जिताने की अपील की थी।
लिहाजा, इस बार हरक सिंह का दोनों सीटों पर जोशो खरोश के साथ उतरना चुनावी राजनीति को गर्मा गया है। हरक सिंह रावत का कहना है कि पोखरी तहसील के निर्माण उन्होंने किया था। यही नहीं, भाजपा प्रत्याशी भंडारी को घेरने के साथ हरक सिंह रावत विभिन्न स्थानों पर ताली बजाकर जोरदार नारेबाजी कर मतदाताओं से कांग्रेस को जिताने की अपील कर रहे हैं।
आठ जुलाई यानि आज शाम 5 बजे बदरीनाथ व मंगलौर सीट पर चुनाव प्रचार थम जाएगा। भाजपा व कांग्रेस दोनों सीट जीतने के लिए भारी बरसात में भी चुनावी अलख जगाए हुए है।
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