
देहरादून, उत्तराखंड, सितंबर 2026: यूनिसन एजुकेशन एंड रिसर्च फाउंडेशन की इकाई डीआईटी विश्वविद्यालय ने घोषणा की है कि विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों के लिए डिज़ाइन उत्कृष्टता एवं उद्योग तत्परता कार्यक्रम के संचालन में सहयोग हेतु केपीएमजी इन इंडिया के साथ करार किया है। इस कार्यक्रम का उद्देश्य संरचित, उद्योग-उन्मुख शिक्षण अनुभवों और व्यावहारिक प्रशिक्षण के माध्यम से शैक्षणिक शिक्षा तथा उद्योग की आवश्यकताओं के बीच संबंध को मजबूत करना है। इस पहल के अंतर्गत डीआईटी विश्वविद्यालय के शैक्षणिक परिवेश और केपीएमजी इन इंडिया के औद्योगिक अनुभव को एक साथ लाया जाएगा, ताकि विद्यार्थियों को उद्योग जगत के दृष्टिकोण, पेशेवर कार्यप्रणालियों और अनुभवात्मक शिक्षण के अवसर प्राप्त हो सकें। कार्यक्रम में पोर्टफोलियो मूल्यांकन एवं विश्लेषण, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित पोर्टफोलियो प्रयोगशाला, लाइव इंडस्ट्री प्रोजेक्ट स्प्रिंट, इंडस्ट्री हैकाथॉन एवं सिमुलेशन, अनुकरण अभ्यास तथा प्लेसमेंट कोचिंग हेतु मार्गदर्शन जैसी गतिविधियाँ शामिल हैं। इन गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों को अनुभव-आधारित शिक्षण, ज्ञान के व्यावहारिक उपयोग और उद्योग-उन्मुख कार्यप्रणालियों से परिचित कराने का प्रयास किया जाएगा। कार्यक्रम के अंतर्गत प्रत्यक्ष औद्योगिक परियोजना का आयोजन केपीएमजी इन इंडिया के गुरुग्राम स्थित कार्यालय में किए जाने की योजना है, जबकि अन्य गतिविधियाँ करार में निर्धारित प्रावधानों के अनुसार डीआईटी विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित की जाएँगी। इस कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को वास्तविक औद्योगिक परिवेश, पेशेवर कार्यप्रणालियों और उद्योग जगत के दृष्टिकोण से परिचित होने के अवसर प्रदान करना है। यह सहयोग उद्योग और शिक्षा जगत के बीच सहभागिता को मजबूत करने तथा विद्यार्थियों के लिए उद्योग-उन्मुख शिक्षण और व्यावहारिक अनुभव के अवसर विकसित करने की दिशा में डीआईटी विश्वविद्यालय और केपीएमजी इन इंडिया की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। डीआईटी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर जी. रघुरामा ने कहा, “डीआईटी विश्वविद्यालय में हम ऐसे शिक्षण अनुभव विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं, जो शैक्षणिक शिक्षा के साथ-साथ विद्यार्थियों को उद्योग जगत के दृष्टिकोण से भी परिचित कराएँ। केपीएमजी इन इंडिया के साथ इस करार के माध्यम से हमारे विद्यार्थियों को संरचित शिक्षण गतिविधियों में भाग लेने और उद्योग-उन्मुख कार्यप्रणालियों को समझने का अवसर मिलेगा। हमें विश्वास है कि यह कार्यक्रम हमारे शैक्षणिक परिवेश में नए विचारों और अनुभवों को जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।” केपीएमजी इन इंडिया के कॉर्पोरेट सेवाओं के साझेदार श्री चिन्मय प्रधान ने कहा, “जैसे-जैसे उद्योग जगत में बदलाव आ रहे हैं, विद्यार्थियों के लिए समकालीन औद्योगिक दृष्टिकोण और व्यावहारिक शिक्षण पद्धतियों से परिचित होने के अवसरों का महत्व बढ़ रहा है। डीआईटी विश्वविद्यालय के साथ यह करार उन पहलों को सहयोग देने की हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाता है, जो अनुभवात्मक शिक्षण और उद्योग-उन्मुख कार्यप्रणालियों से परिचित होने के अवसरों को प्रोत्साहित करती हैं।”



