गांव-गांव पहुंची सरकार : 5.55 सौ से अधिक कैंपों में 4.36 लाख लोगों को मिला सीधा लाभ

उत्तराखंड में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का ‘जन-जन की सरकार, जन-जन द्वार’ कार्यक्रम गुड गवर्नेंस का सशक्त और भरोसेमंद मॉडल बनकर उभरा है। इस अभिनव पहल के माध्यम से सरकार स्वयं जनता के द्वार तक पहुँच रही है और समस्याओं का त्वरित, पारदर्शी एवं संवेदनशील समाधान सुनिश्चित कर रही है।
3 फरवरी 2026 तक राज्य के सभी 13 जनपदों में इस अभियान के अंतर्गत कुल 555 कैंपों का आयोजन किया गया, जिनमें से 548 कैंप पूर्व में तथा 7 कैंप आज आयोजित हुए। इन कैंपों के माध्यम से कुल 4,36,391 नागरिकों ने प्रत्यक्ष रूप से सहभागिता की, जिनमें 4,33,681 व्यक्ति पूर्व में तथा 2,810 व्यक्ति आज शामिल हुए।
इन जनसुनवाई कैंपों में नागरिकों द्वारा कुल 43,032 शिकायतें एवं प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से 42,604 पूर्व में तथा 428 आज प्राप्त हुए। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की स्पष्ट नीति और प्रशासन की तत्परता के चलते इनमें से 29,042 शिकायतों का निस्तारण किया जा चुका है, जिसमें 28,721 पूर्व में तथा 321 शिकायतें ही निस्तारित की गईं।
यह आंकड़े दर्शाते हैं कि राज्य सरकार केवल सुनवाई तक सीमित नहीं, बल्कि समाधान की जिम्मेदारी भी पूरी गंभीरता से निभा रही है।
प्रमाण पत्र, योजनाएं और त्वरित सेवाएं – सरकार आपके द्वार
कैंपों के माध्यम से नागरिकों को विभिन्न शासकीय सेवाएं भी तत्काल उपलब्ध कराई गईं। अब तक 61,460 से अधिक प्रमाण पत्र/सेवाएं प्रदान की गईं, जिनमें 61,064 पूर्व में तथा 408 सेवाएं आज दी गईं। इसके अतिरिक्त विभिन्न सरकारी योजनाओं के माध्यम से कुल 2,39,766 नागरिकों को लाभान्वित किया गया, जिनमें 2,37,050 पूर्व में तथा 1,816 लोग आज लाभान्वित हुए।
सबसे सशक्त प्रभाव महिला सशक्तिकरण के रूप में सामने आया है। दूरस्थ, दुर्गम और पहाड़ी क्षेत्रों में रहने वाली महिलाओं के लिए ये कैंप आशा की नई किरण बने हैं। महिलाओं को प्रमाण पत्र, पेंशन, राशन कार्ड, स्वास्थ्य, सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जोड़ने में इन कैंपों ने अहम भूमिका निभाई।
पर्वतीय क्षेत्रों की महिलाएं, जिन्हें पहले जिला या तहसील मुख्यालय तक पहुंचने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था, अब अपने ही गांव में सेवाएं प्राप्त कर रही हैं। महिला लाभार्थियों की शिकायतों का संवेदनशीलता और प्राथमिकता के साथ निस्तारण किया जा रहा है, जिससे उनमें प्रशासन के प्रति विश्वास और सुरक्षा की भावना मजबूत हुई है।
अल्मोड़ा, बागेश्वर, पिथौरागढ़, चम्पावत, नैनीताल, ऊधम सिंह नगर, हरिद्वार, देहरादून, टिहरी, पौड़ी, रुद्रप्रयाग, चमोली और उत्तरकाशी-राज्य के सभी जनपदों में इस कार्यक्रम का संतुलित और प्रभावी क्रियान्वयन हुआ है।

Sapna Rani

Share
Published by
Sapna Rani

Recent Posts

अलकनंदा-गंगा की तेज धाराओं में दिखेगा जवानों का साहस और जांबाजी –

देहरादून, । साहस, रोमांच, अनुशासन और टीम भावना का शानदार प्रदर्शन करने के उद्देश्य से…

1 hour ago

मसूरी में शरदोत्सव का रंगारंग आगाज, लोक संस्कृति के रंग में रंगा गांधी चौक

डीएम डॉ. आशीष चौहान व पालिकाध्यक्ष मीरा सकलानी ने किया शरदोत्सव-2026 का शुभारंभ पद्मश्री बसंती…

1 hour ago

मुख्य सचिव ने शासन स्तर पर लंबित प्रकरणों के त्वरित निस्तारण के दिए निर्देश

देहरादून। मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने मंगलवार को सचिवालय में आयोजित बैठक में सभी जनपदों…

11 hours ago

नैनीताल में मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन, 6.97 लाख से अधिक मतदाता पंजीकृत

हल्द्वानी। जनपद नैनीताल में 01 जुलाई 2026 की अर्हता तिथि के आधार पर चलाए गए…

12 hours ago