देहरादून, सुभाष नगर में श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ का शुभारंभ अत्यंत भव्य, दिव्य एवं आध्यात्मिक वातावरण में संपन्न हुआ। आयोजन के प्रथम दिवस पर ही श्रद्धालुओं की अभूतपूर्व भीड़ उमड़ पड़ी, जिससे पूरा क्षेत्र भक्ति, श्रद्धा और उत्साह के अद्भुत संगम में सराबोर नजर आया।
कथा के शुभारंभ अवसर पर प्रसिद्ध कथावाचक आचार्य पवन नंदन जी महाराज ने अपने मधुर, ओजस्वी एवं प्रभावशाली प्रवचनों से उपस्थित श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। उन्होंने श्रीमद्भागवत महापुराण की महिमा का विस्तार से वर्णन करते हुए कहा कि यह केवल एक धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि मानव जीवन के प्रत्येक पहलू को दिशा देने वाला दिव्य मार्गदर्शक है। उन्होंने बताया कि भागवत का केवल श्रवण ही नहीं, बल्कि उसका चिंतन और आत्मसात करना भी आवश्यक है, जिससे व्यक्ति के भीतर भक्ति, ज्ञान और वैराग्य का विकास होता है।
आचार्य श्री ने अपने प्रवचन में वर्तमान कलियुग की परिस्थितियों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि मनुष्य भौतिक सुख-सुविधाओं की दौड़ में मानसिक तनाव, अशांति और असंतोष का शिकार होता जा रहा है। ऐसे समय में श्रीमद्भागवत कथा जीवन में प्रकाश स्तंभ की भांति कार्य करती है, जो अज्ञान के अंधकार को दूर कर आत्मिक शांति का मार्ग प्रशस्त करती है। उन्होंने श्रद्धालुओं को सत्य, धर्म, करुणा और सदाचार के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हुए कहा कि यही जीवन को सार्थक बनाने का सर्वोत्तम उपाय है।
कथा स्थल पर दिनभर भक्ति रस की अविरल धारा बहती रही। श्रद्धालु पूरे श्रद्धा एवं भक्ति भाव के साथ कथा श्रवण में लीन दिखाई दिए। जैसे ही आचार्य श्री के श्रीमुख से “हरि नाम” का उच्चारण हुआ, पूरा पंडाल “हरि बोल” और “राधे-राधे” के जयघोष से गुंजायमान हो उठा, जिससे वातावरण पूर्णतः भक्तिमय बन गया।
आयोजन स्थल को विशेष रूप से आकर्षक सजावट, रंग-बिरंगे पुष्पों, धार्मिक ध्वजों एवं पारंपरिक प्रतीकों से सुसज्जित किया गया था। भव्य मंच व्यवस्था, सुव्यवस्थित बैठने की व्यवस्था एवं उत्कृष्ट ध्वनि प्रणाली ने कार्यक्रम की गरिमा को और अधिक बढ़ाया। रात्रि में की गई आकर्षक प्रकाश व्यवस्था ने पूरे परिसर को दिव्यता से आलोकित कर दिया, जिससे श्रद्धालुओं को एक अद्भुत आध्यात्मिक अनुभूति प्राप्त हुई।
आयोजन समिति के सदस्यों ने बताया कि कथा के आगामी दिनों में भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं, भक्तों की प्रेरणादायक कथाओं एवं धर्म, भक्ति और जीवन दर्शन से जुड़े महत्वपूर्ण प्रसंगों का विस्तार से वर्णन किया जाएगा। समिति ने श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर कथा श्रवण का लाभ लेने का आह्वान किया है।
इस अवसर पर समिति के संरक्षक विनोद राई, अध्यक्ष प्रेम सिंह भंडारी, उपाध्यक्ष अभिषेक परमार, महासचिव नवीन जोशी, कोषाध्यक्ष के. एन. लोहनी, मीडिया प्रभारी गणेश सहित अनेक पदाधिकारी उपस्थित रहे। इसके अतिरिक्त मालती राई, प्रमिला नेगी, कादंबरी शर्मा, तारा राई, ममता राई, रेखा यादव, दीपक गोसाईं, धन सिंह फर्त्याल एवं प्रदीप राई सहित क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों एवं श्रद्धालुओं ने बड़ी संख्या में अपनी गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराते हुए आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
Garhwal Post Bureau Srinagar (Garhwal), 19 Aug: The Hemwati Nandan Bahuguna Garhwal University administration has made significant changes…
The Department of Youth Welfare and Prantiya Rakshak Dal has finalized the framework for the…
my uttarakhand news Bureau Dehradun, 19 Aug: Chief Minister Pushkar Singh Dhami, addressing probationers of…
हरिद्वार। वर्ष 2036 में भारत को ओलंपिक खेलों की मेजबानी दिलाने के संकल्प के साथ…
representational image The sale of ‘analog paneer’ in the market has now been banned. A…
my uttarakhand news Bureau Dehradun, 19 Aug: A serious allegation…